राजस्थान की सियासी पिच पर मदन राठौड़ बोल्ड

राजस्थान के प्रदेश भाजपा अध्यक्ष मदन राठौड़ राजनीति की पिच पर क्रिकेट खेलने लगे और खेल भावना मंे ऐसा बहे कि विपक्षी दलों ने उन्हंे बोल्ड कर दिया। मदन राठौड़ ने पाकिस्तान टीम की तरफदारी कर दी। हालंाकि वह पड़ोसी और दूर दराज का एक उदाहरण दे रहे थे लेकिन आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले पाकिस्तान का किसी भी रूप मंे महिमा मंडन भारत के लिए उचित नहीं है। इसीलिए विपक्षी दलों ने मदन राठौड़ और भाजपा को सवालों के घेरे मंे खड़ा कर दिया है।
जयपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान मदन राठौड़ का एक वीडियो सामने आया। वीडियो में वह कहते सुनाई दिए कि यदि अमेरिका और पाकिस्तान के बीच कुछ होता है तो भारत पाकिस्तान के साथ होगा क्योंकि वह पड़ोसी देश है, लेकिन यदि भारत और पाकिस्तान के बीच कोई स्थिति बनती है तो सभी भारतीयों को भारत के साथ खड़ा होना चाहिए। इसी बयान को लेकर विपक्षी दलों ने भाजपा पर निशाना साधना शुरू कर दिया।
कांग्रेस प्रवक्ता शमा मोहम्मद ने भाजपा से सवाल पूछा। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस पाकिस्तान को लेकर भाजपा लगातार आक्रामक रुख अपनाने का दावा करती है, उसी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष पाकिस्तान के समर्थन की बात कर रहे हैं। कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी इस पर प्रतिक्रिया देने की मांग की।
आम आदमी पार्टी ने भी इस मुद्दे को लेकर भाजपा पर हमला बोला। पार्टी ने कहा कि जब आम नागरिक सवाल पूछते हैं तो उन्हें राष्ट्रवाद का पाठ पढ़ाया जाता है, लेकिन भाजपा नेता के बयान पर पार्टी चुप क्यों है। आप ने अपने बयान में भाजपा के राष्ट्रवाद पर सवाल उठाते हुए इस मामले मंे स्पष्टीकरण मांगा।
विवाद बढ़ने के बाद राजस्थान भाजपा इकाई ने भी मदन राठौड़ का बचाव किया। पार्टी की ओर से कहा गया कि प्रदेश अध्यक्ष का बयान भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैच के संदर्भ में था, लेकिन उसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया। भाजपा ने दावा किया कि वायरल क्लिप पूरे भाषण का सही प्रतिनिधित्व नहीं करती। उसी कार्यक्रम में मदन राठौड़ ने नागरिकों से मजबूत, समृद्ध और देशभक्त बनने का आह्वान किया था। उन्होंने कहा था कि देश को आगे बढ़ाने के लिए राष्ट्रीय भावना का मजबूत होना जरूरी है। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत के धार्मिक सद्भाव संबंधी विचारों का भी उल्लेख किया और कहा कि देशभक्ति रखने वाले सभी लोग भाई हैं तथा उन्हें मिलकर रहना चाहिए।
राठौड़ ने पूरे विवाद को साजिश बताते हुए कहा कि किसी ने उनके लंबे भाषण में से केवल दो से दस सेकंड की क्लिप निकालकर प्रसारित कर दी। उन्होंने कहा कि किसी भी वक्तव्य को समझने के लिए उसका संदर्भ देखना आवश्यक है। उनका आरोप है कि राजनीतिक नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया। (अशोक त्रिपाठी-हिफी फीचर)



