खेल-खिलाड़ी

खेलोगे तो खिलोगे का मोदी संदेश

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कहते हैं कि यह मोदी के विज्ञान वाला भारत है जहां युवा सपने भी देखते हैं और जीत में भी बदलते हैं। उन्होंने कहा हमारे खिलाड़ी नये-नये कीर्तिमान बना रहे हैं। पीएम मोदी गत 28 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस समारोह पर खेलो इंडिया संवाद में युवाओं से संवाद कर रहे थे। दरअसल 29 अगस्त को हाकी के दिग्गज खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद की जयंती होती है, उसी दिन देश मंे राष्ट्रीय खेल दिवस मनाया जाता है। इस बार इसका आयोजन तीन दिन का हुआ। प्रधानमंत्री ने युवाओं से कहा खेलोगे तो खिलोगे। उन्होंने कहा कि 5 वर्ष से ही खेल प्रतिमा की तलाश श्ुारू जाएगी। यह भी देखा जाएगा कि बच्चे की रुचि किस खेल में है। इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी 9 अगस्त को कामन वेल्थ गेम्स में मेडल जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों से मिलकर उनका मनोबल और उत्साह बढ़ा चुके हैं।
पीएम मोदी 4 जुलाई 2024 को टी-20 वल्र्ड कप जीतने वाली टीम से मिले थे। इस प्रतिठित प्रतियोगिता में भारतीय क्रिकेट टीम ने ब्रिजटाउन में दक्षिण अफ्रीका को 7 रनों से हराया था। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 16 अगस्त 2024 को पेरिस ओलंपिक खेलकर लौटे खिलाड़ियों का उत्साह के साथ स्वागत किया था। इस ओलंपिक में भारत ने 6 मेडल जीते थे जिनमें एक सिल्वर व पांच कांस्य पदक थे। पीएम मोदी 12 सितंबर 2024 को पैरा ओलंपिक खेलकर लौटे भारतीय खिलाड़ियों से भी मिले थे। पैरा इंडियन प्लेयर्स ने 7 गोल्ड, 9 सिल्वर और 13, कांस्य पदक जीतकर भारत का गौरव बढ़ाया था। प्रधान मंत्री मोदी ने 25 सितंबर 2024 को शतरंज ओलंपियाड जीतने वाले खिलाड़ियों से भी मुलाकात की थी। इस प्रतियोगिता में भारत ने डबल गोल्ड जीते। व्यक्तिगत प्रतिस्पर्धा में भी 4 स्वर्ण पदक मिले थे। भारत के डी मुकेश ने वल्र्ड चेस चैम्पियनशिप में चीन के डिंग लिरेन को 75-65 अंको से हराया था। पीएम मोदी ने मुकेश से 28 दिसंबर 2024 को मिलकर सम्मानित किया था। खेल के इतिहास में 2 नवम्बर 2025 का दिन भी स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाएगा। उस दिन भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने विमेन्स वन डे वल्र्डकप में दक्षिण अफ्रीका की टीम को 52 रन से पराजित किया था। पीएम मोदी ने 5 नवम्बर 2025 को इस विजेता टीम का स्वागत किया था।
खेल दिवस पर प्रधानमंत्री मोदी ने युवाओं से संवाद किया। खेलो इंडिया डायलॉग में 1500 से ज्यादा युवा शामिल हुए। इस दौरान मोदी ने कहा कि युवाओं को खेल दिवस की अग्रिम बधाई। जो खिलाड़ी खेलेगा वो खिलेगा। खेल में खेलना मतलब देश का गौरव बढ़ाना। भारत की खेल शक्ति-युवा शक्ति को जोड़ने का अभियान। खिलाड़ी के नाम से राज्य, शहर की पहचान। ओलंपिक के कई खेलों में भारत हिस्सा ही नहीं लेता। हमारे सामने ओलंपिक से जुड़ी चुनौती है। 29 अगस्त को हॉकी के दिग्गज खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद की जयंती होती है। इसी दिन देश में नेशनल स्पोर्ट्स डे मनाया जाता है।इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी 9 अगस्त को कॉमनवेल्थ गेम्स में मेडल जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों से मिले थे। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ मुलाकात की रील भी इंस्टाग्राम पर शेयर की थी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि भारत की खेल शक्ति-युवा शक्ति को जोड़ने का अभियान है। खिलाड़ी के नाम से राज्य, शहर की पहचान बनती है।
पीएम मोदी ने कहा कि ओलंपिक के कई खेलों में भारत हिस्सा ही नहीं लेता। हमारे सामने ओलंपिक से जुड़ी चुनौती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज इस कार्यक्रम में देशभर के एथलीट और खेल जगत के मानभावी हम सबके साथ शामिल हुए हैं। आप सबको पता है कि 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस होता है। मैं आप सभी को इस राष्ट्रीय खेल दिवस की शुमकामनाएं देता हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि ये दिन मां भारती की एक महान संतान मेजर ध्यानचंद जी को याद करने का भी अवसर होता है। 100 वर्ष पहले भारतीय सेना की हॉकी टीम न्यूजीलैंड के दौरे पर गई थी और उस टीम में मेजर ध्यानचंद भी थे। वो टूर भारत और न्यूजीलैंड के खेल संबंध के 100 वर्ष पूरे होने का आधार है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैंने इस 15 अगस्त को लाल किले से भारत का खेल विजन देश के सामने रखा है। जब मैं खेल की बात करता हूं। तो ये केवल मेडल जीतने तक सीमित नहीं है। ये विकसित भारत के निर्माण में भारत की खेलशक्ति और युवाशक्ति को एक साथ जोड़ने का अभियान है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 27 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस (29 अगस्त) से पहले देश के युवाओं और उभरते खिलाड़ियों से खेलो इंडिया संवाद – खेल की बात, पीएम के साथ अभियान के तहत सीधा वर्चुअल संवाद किया। इस कार्यक्रम में देशभर के 1,500 से अधिक स्थानों से युवा और एथलीट वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े। पीएम मोदी ने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि जो खिलाड़ी खेलेगा, वो खिलेगा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि खेल केवल पदक जीतने के लिए नहीं, बल्कि जीवन में आगे बढ़ने, गिरने के बाद दोबारा उठने का जज्बा सीखने और व्यक्तित्व को निखारने का सबसे बड़ा माध्यम है। संवाद के दौरान पीएम मोदी ने 2036 ओलंपिक खेलों की मेजबानी और उसमें भारत की मजबूत भागीदारी को एक बड़ी चुनौती और अवसर बताया। उन्होंने कहा कि हमें अभी से वैज्ञानिक तरीकों से प्रतिभाओं की पहचान करनी होगी और जमीनी स्तर पर खिलाड़ियों को तैयार करना होगा। प्रधानमंत्री ने आज की युवा पीढ़ी को डिजिटल स्क्रीन (मोबाइल, कंप्यूटर) से बाहर निकलकर खेल के मैदान पर समय बिताने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि युवाओं को स्क्रीन से ज्यादा प्लेग्राउंड की जरूरत है, क्योंकि खेल ही बेहतर जीवन और फिटनेस की गारंटी है।
इस खेल संवाद में खेलों के माध्यम से युवाओं को ड्रग्स और अन्य व्यसनों से दूर रखने की इच्छाशक्ति पर भी चर्चा की गई। पीएम मोदी ने कहा कि खेल युवाओं को सही दिशा में ले जाने और नशा मुक्त भारत बनाने का एक सशक्त हथियार है।पीएम मोदी ने शीतल देवी (आर्चरी), अवनी लेखड़ा, सुमीत अंतिल और नितेश कुमार जैसे पैरा-एथलीटों का विशेष जिक्र किया और उन्हें प्रेरणा का सबसे बड़ा उदाहरण बताया। हाल ही में पीएम मोदी ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 के पदक विजेताओं से भी मुलाकात की थी, जिसमें उन्होंने खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत की सराहना करते हुए कहा था कि देश में अब एक बेहतरीन स्पोर्ट्स कल्चर तैयार हो चुका है
भारत सरकार ने देश में खेल संस्कृति को बदलने और वैश्विक स्तर पर पहचान बनाने के लिए खेलो भारत नीति 2025 (राष्ट्रीय खेल नीति 2025) को 1 जुलाई 2025 को मंजूरी दी है। यह नई नीति पुरानी राष्ट्रीय खेल नीति 2001 का स्थान लेती है। भारत को एक वैश्विक खेल महाशक्ति बनाना और वर्ष 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी के लिए मजबूत दावेदारी पेश करना है।(एससी मिश्र-हिफी फीचर)

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