12 जुलाई को ही सोनाक्षी की फिल्म ककुदा हुई थी रिलीज

शादी के बाद दर्शकों को सोनाक्षी सिन्हा की एक अच्छी फिल्म देखने को मिली थी। डायरेक्टर आदित्य सरपोतदर की फिल्म ‘ककुदा’ में सोनाक्षी अपने किरदार में परफेक्ट दिखीं। आदित्य की यह लगातार दूसरी हॉरर कॉमेडी फिल्म थी।
राजकुमार राव और श्रद्धा कपूर की फिल्म ‘स्त्री’ देखी है, तो ‘ककुदा’ को देखते वक्त आपको वह फिल्म जरूर याद आएगी लेकिन फिल्म की कहानी बहुत अलग है। फिल्म कहानी शुरू होती है रतोड़ी नाम के एक गांव से, जहां ‘ककुदा’ नाम के एक भूत का खौफ है। ‘ककुदा’ हर मंगलवार की रात 8 बजे गांव में दस्तक देता है, और इस दौरान गांव के जिस घर का दरवाजा बंद रहता है, ‘ककुदा’ उसे अपना शिकार बना लेता है। मतलब साफ है कि रतोड़ी गांव में मंगलवार रात 8 बजे के बाद सभी घरों के दरवाजे खुले रहेंगे। इसी के चलते गांव के हर घर में बड़े दरवाजे के साथ एक छोटा दरवाजा भी बनाया गया है और छोटा दरवाजा सिर्फ ककुदा के लिए बनाया गया है, जिसे सभी लोग मंगलवार रात को खुला रखते हैं। जिस घर का दरवाजा ककुदा के लिए खुला नहीं रहता है, उस घर के किसी एक पुरुष को वह अपना शिकार बना लेता है।
फिल्म में सोनाक्षी सिन्हा इंदिरा के किरदार में थीं जो सनी (साकिब सलीम) के प्यार में पागल हैं और दोनों घर से भागकर शादी करने वाले हैं। अब जिस दिन दोनों की शादी होनी है, उस दिन मंगलवार है। सनी जल्दी-जल्दी शादी करके अपने घर तक पहुंच तो जाता है, लेकिन अफसोस कि 8 बजे से पहले वह ककुदा के लिए दरवाजा नहीं खोल पाता है। वेब सीरीज ‘पंचायत’ और ‘मिर्जापुर’ से अपनी दमदार पहचान बनाने वाले आसिफ ने इस फिल्म में बेहतरीन काम किया है। घोस्ट हंटर के रूप में रितेश देशमुख के भी आप दीवाने हो जाएंगे। (हिफी)



