माली में अगवा हीरा कारोबारी धीरू रमानी रिहा

अफ्रीकी देश माली में अगवा किए गए भारतीय मूल के एक हीरा कारोबारी धीरू रमानी (75) को रिहा कर दिया गया है। पीटीआई की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया कि अप्रैल में अगवा किए गए हीरा व्यापारी को उनके परिवार द्वारा करीब 44 करोड़ रुपये की भारी-भरकम फिरौती चुकाने के बाद छोड़ा गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, अपहरणकर्ताओं ने शुरू में करीब 100 करोड़ रुपये की मांग की थी, लेकिन अमेरिका में रहने वाले धीरू रमानी के परिवार वालों ने बातचीत करके रकम कम करवाई और फिर उनकी रिहाई हो सकी।
मूल रूप से गुजरात के अमरेली जिले के रहने वाले और सूरत में हीरा कारोबार से जुड़े रमानी अभी भी माली में ही हैं। रिहाई के बाद स्थानीय अधिकारी उनसे पूछताछ कर रहे हैं। तीन महीने पहले माली में बिजनेसमेन धीरू रमानी का अपहरण कर लिया गया था। उन्होंने हाल ही में वहां एक सोने की खदान खरीदी थी और कुछ वक्त से वहीं रह रहे थे। सूत्रों के मुताबिक, रमानी के अमेरिका में रहने वाले परिवार ने अपहरणकर्ताओं से खुद बातचीत की। इस प्रक्रिया में भारत सरकार की किसी एजेंसी की कोई भूमिका नहीं थी। धीरू रमानी मूल रूप से गुजरात के अमरेली जिले के धार गांव के रहने वाले हैं और 1980 के आसपास से ही हीरा कारोबार से जुड़े हुए हैं। बाद में वह अमेरिका चले गए, जहां उनका परिवार अंतरराष्ट्रीय हीरा व्यापार से जुड़ा है। अप्रैल में कथित अपहरण की घटना के वक्त, माली की राजधानी बमाको में भारतीय दूतावास ने एक आम सुरक्षा एडवाइजरी जारी करके वहां रहने वाले भारतीय नागरिकों से सावधानी बरतने को कहा था।
25 अप्रैल की एडवाइजरी में कहा गया था, काटी और माली के दूसरे हिस्सों में हाल की सुरक्षा स्थितियों और हमलों की खबरों को देखते हुए, बमाको में भारतीय दूतावास माली में रहने वाले सभी भारतीयों से अपील करता है कि वे बहुत सतर्क रहें।



