फिल्मी

विवाद में घिरा था विनोद खन्ना व मीनाक्षी पर फिल्माया गीत

सन् 1990 के दशक में कुमार सानू ने अपनी आवाज से धूम मचा दी थी। उनके गाने फैंस के दिलों पर राज करते थे। आज हम कुमार सानू के जिस गाने के बारे में बात करने जा रहे हैं, वह 36 साल पुराना गाना है। इसे विनोद खन्ना और मीनाक्षी शेषाद्री पर फिल्माया गया था। गाने के बोल थे जब कोई बात बिगड़ जाए। यह 1990 में आई फिल्म जुर्म का गाना है। इसे कुमार सानू के साथ साधना सरगम ने गाया था। यह गाना एक विदेशी गाने से प्रेरित है। यह 1978 में रिलीज हुए अंग्रेजी गाना व्हेन आई नीड यू से इंस्पायर्ड है, जिसे अल्बर्ट हैमंड और कैरोल बायर सेगर ने लिखा था। कई लोगों ने इस पर ध्यान दिया। कोरस की धुन का उतार-चढ़ाव एक जैसा है। उस दौर में बॉलीवुड अक्सर हॉलीवुड धुनों से प्रेरित या सीधे तौर पर कॉपी कर गाने बनाता था। कुछ के लिए आधिकारिक लाइसेंस लिया जाता था, जबकि कई के लिए नहीं।
जुर्म की कहानी पुलिस इंस्पेक्टर शेखर वर्मा और उनकी अपनी पत्नी मीना यानी मीनाक्षी शेषाद्री के इर्द-गिर्द घुमती है। वे अपनी बेटी के साथ खार, बॉम्बे में रहते हैं। उनके कार्यालय को सूचित किया जाता है कि संपादक रितेश नंदी को जान से मारने की धमकी मिली है, क्योंकि उन्हें ऐसे सबूत मिले हैं जो कुछ बहुत प्रभावशाली लोगों को बेनकाब करेंगे। रितेश को पुलिस सुरक्षा दी जाती है, हालांकि, उसकी मौत हो जाती है। एक बेहद खूबसूरत महिला, गीता साराभाई (संगीता बिजलानी), रितेश की मौत की गवाह के रूप में सामने आती है, लेकिन हमलावर की पहचान करने में असमर्थ होती है। जब उसे मौत की धमकियां मिलने लगती हैं, तो शेखर और इंस्पेक्टर प्रमोद कदम उसकी रक्षा करने के लिए बारी-बारी से आते हैं। शेखर और गीता एक-दूसरे के प्यार में पड़ जाते हैं और मीना को शक होने लगता है कि शेखर का अफेयर चल रहा है। वह उसे यह स्वीकार करवाने के लिए कहती है, और अपने पिता के साथ रहने के लिए बाहर चली जाती है। (हिफी)

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button