ईरान अब निकालेगा नेक्सट जेनरेशन हथियार

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने पिछले कुछ सालों में अपनी सैन्य ताकत को तेजी से आधुनिक बनाया है। खास बात यह है कि ईरान ने कई ऐसे एडवांस और नेक्स्ट-जेनरेशन हथियार विकसित किए हैं, जिनका अभी तक बड़े पैमाने पर युद्ध में पूरा इस्तेमाल नहीं हुआ है। ईरान इनके इस्तेमाल की धमकी दे रहा है क्योंकि ये ईरान के वो एडवांस और नेक्सट जेनरेशन हथियार हैं जो कभी भी पासा पलट सकते हैं। साथ ही अमेरिका- इजरायल और ईरान के युद्ध में गेम-चेंजर साबित हो सकते हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, हाल के सालों में ईरान ने कई नेक्स्ट जनरेशन हथियार विकसित किए हैं, जो ध्वनि की गति से 5 गुना या उससे अधिक तेज हैं और मौजूदा मिसाइल डिफेंस सिस्टम्स जैसे आयरन डोम, पैट्रियट या एजिस को चकमा दे सकते हैं। इसके अलावा कई हथियार ऐसे हैं जो पलक झपकते दुश्मनों को ढेर कर सकते हैं। इसके अलावा ईरान ने कई ऐसे हथियार भी विकसित किए, जो देखने में आम बमों की तरह लगेगा, लेकिन उससे नुकसान काफी बड़ा हो सकता है। माना जा रहा है कि अगर युद्ध आगे बढ़ता है ईरान इन नेक्सट जेनरेशन हथियारों को भी उपयोग में ला सकता है।
सेजिल-2 का (सॉलिड-फ्यूल, 2,000़ किमी रेंज) पहली बार इस्तेमाल 15 मार्च 2026 को हुआ, लेकिन सेजिल-3 एक्सटेंडेड रेंज या बेहतर मैन्यूवरेबिलिटी वाली मिसाइल अभी ईरान ने इस्तेमाल नहीं की।यह हार्ड-टू-इंटरसेप्ट है और अंडरग्राउंड लॉन्च से आ सकती है। अभी ईरान ने इसे रिजर्व रखा है और बड़े स्ट्राइक्स के लिए इसको यूज कर सजता है। इसी प्रकार फतेह-1, सीरीज इस युद्ध में इस्तेमाल हुई है लेकिन फतेह-2 हाइपरसोनिक ग्लाइड व्हीकल, डंबी 13-15, ज्यादा मैन्यूवरेबल, बेहतर टर्मिनल फेज वाली मिसाइल, 2000़ किलोमीटर रेंज, अभी भी अपनी फुल स्केल में इस्तेमाल होना बाकी है। ईरान इसे “ंबम” या आखिरी कार्ड मानता है। यह इजरायल के एयर डिफेंस ऐरो, डेविड सलिंग को चुनौती दे सकता है।



