खामेनेई की सरकार के खिलाफ सबसे बड़ा प्रदर्शन

ईरान में जनता का विरोध बड़ा रूप लेता जा रहा है और सामने आए वीडियो इसका सबूत दे रही हैं। प्रदर्शनकारियों की भारी भीड़ ईरान की राजधानी तेहरान और अन्य शहरों में मार्च कर रही है। इसे ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की सरकार के खिलाफ पिछले कुछ सालों में सबसे बड़ा प्रदर्शन कहा जा रहा है। प्रदर्शनकारियों को खामेनेई की सत्ता उखाड़ फेंकने और दिवंगत शाह के निर्वासित बेटे रेजा पहलवी को वापस ईरान की गद्दी सौंपने के नारे लगाते हुए सुना जा सकता है। ईरान के हर उम्र और हर तबके के लोग इस आंदोलन में भाग ले रहे हैं। यह महंगाई के खिलाफ शुरू प्रदर्शन से कहीं बड़ा आकार और मतलब ले चुका है।
जब ईरानी सरकार विरोधी प्रदर्शनों पर नकेल कसने के प्रयासों को तेज कर रही है, एक बुजुर्ग महिला प्रदर्शनकारी का इस्लामी शासन को चुनौती देने वाला एक वीडियो वायरल हो गया है और यह वहां की आर्थिक कठिनाई और जनता में बढ़ते गुस्से से प्रेरित राष्ट्रव्यापी आंदोलन का प्रतीक बन गया। वायरल क्लिप में महिला के मुंह से खून बहता दिख रहा है। उसे तेहरान की सड़कों पर मार्च करते और सरकार विरोधी नारे लगाते हुए देखा जा सकता है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर क्लिप शेयर करते हुए ईरानी पत्रकार और एक्टिविस्ट मासिह अलीनेजाद ने लिखा, मैं डरती नहीं हूं। मुझे मरे हुए 47 साल हो गए हैं, यह ईरान की एक महिला की आवाज है जो इस्लामिक रिपब्लिक से तंग आ चुकी है। उन्होंने कहा, 47 साल पहले, इस्लामिक गणराज्य ने हमारे अधिकार छीन लिये और एक देश को बंधक बना लिया। आज लोगों के पास खोने के लिए कुछ नहीं बचा है, वे उठ खड़े हुए हैं। ईरान बढ़ रहा है। गुरुवार 8 जनवरी की शाम ईरान के कई शहरों में हिंसक प्रदर्शन हुए लेकिन तेहरान और दूसरे शहर मशहद में ऐसा नहीं था। यहां शांतिपूर्ण प्रदर्शन हुए, जिन्हें सुरक्षा बलों ने तितर-बितर नहीं किया। दरअसल निर्वासन में रह रहे ईरान के क्राउन प्रिंस रेजा पहलवी ने तेहरान के अंदर रात को विरोध प्रदर्शन करने को कहा था।



